लोकवाणी

मुख़्तलिफ़ आवाज़, निगाह और विचार

Kavita Krishnapallavi

हे 62 कलाकारों, तुम्हारे कुकर्मों के लिए आने वाली पीढ़ियों को ज़िल्लत भरी ज़िंदगी बितानी न पड़ जाए

49 कलाकारों ने प्रधान मंत्री को पत्र लिखा कि देश में लगातार बढ़ रही ‘मॉब लिंचिंग’ की घटनाएँ रोकी जानी चाहिए, और इस माहौल पर चिंता जाहिर की कि ‘जय श्रीराम’ एक युद्धघोष बनता जा रहा है। इसपर 62 कलाकारों…

भारतीय मध्य वर्ग और युद्धोन्मादी अंधराष्ट्रवाद के बारे में कुछ स्फुट विचारणीय बातें …

अंधराष्ट्रवादी युद्धोन्माद की लहर हिन्दी पट्टी में, यानी उत्तर प्रदेश, उत्तराखण्ड, बिहार, झारखण्ड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, हरियाणा में ही सर्वाधिक तूफ़ानी बनकर बहती है। दक्षिण के राज्यों में इसका प्रभाव सबसे कम दिखाई देता है। उनमें भी केरल में…

युद्ध आपस में शासक वर्ग अपने हितों के लिए लड़ता है, मगर मरते गरीब ही हैं शासक नहीं

एक बार फिर कह रही हूँ, सोचने वाले गौर करें ! गाली देने वाले उन्मादी यहाँ कत्तई न आयें ! (1) महीनों पहले लिखा था कि जब सारे वायदों की बखिया उधड़ जायेगी और मँहगाई, बेरोज़गारी, जी.एस.टी.,नोटबंदी, जल-जंगल-ज़मीन की लूट…